V-BOOST: मैट्रिक्स स्ट्रक्चर आसान भाषा में
V-BOOST: मैट्रिक्स स्ट्रक्चर आसान भाषा में
V-Boost एक ऐसा आर्थिक मॉडल है जिसमें पोजीशन और प्रगति दोनों ही NFT-आधारित है। यह एक क्रांतिकारी विचार है जो ट्रेडिशनल सिस्टम से परे है - जहां आपकी प्रगति आपके क्रिप्टो वॉलेट से जुड़ी होती है। वॉलेट का उल्लंघन यानि आपके अकाउंट का समझौता। V-Boost इस दुविधा को हल करने के लिए सारा प्रोग्रेस एक NFT-पोजीशन में संचय करता है – जिसे Passport NFT कहा जाता है। इसके बारे में और जानने के लिए ऑफिशल प्रेजेंटेशन पढ़ें।
परिचय (Introduction)
Web3 समुदाय में विकेंद्रीकरण पर मुख्य ध्यान देते हुए, एक ऐसे डिजिटल इकोसिस्टम की आवश्यकता जान पड़ती है, जो अनुकूलन और नवाचार को भी सम्मिलित करें। Vistory इकोसिस्टम इन गुणों को V-Boost के रूप में प्रस्तुत करता है, जो संरचित भागीदारी मॉडल पर आधारित एक ऐसा NFT पार्टनर प्रोग्राम है, जिसमे डिजिटल ओनरशिप और मुश्किल प्रक्रियाओं का स्वचालन किया गया है जैसे - अपग्रेड, री-इन्वेस्ट, मिसिंग प्रॉफिट, और भी बहुत कुछ। सबसे अच्छी बात यह है कि V-Boost में गेम मैकेनिक्स टियर्स के लेवल पर जुड़े हुए हैं। टियर क्या हैं? यह आलेख बिल्कुल यही समझाने वाला है।
इस आलेख का उद्देश्य टियर, उसके भीतर पाए जाने वाले स्ट्रक्चर, और संबंधित सिद्धांतो को आसान बनाना है। इसे बहुत सरल रखा गया है क्योंकि इसका उद्देश्य पाठकों को टियर्स के कार्य प्रणाली के बारे में बुनियादी जानकारी देना है, साथ ही इसे बिगिनर-फ्रेंडली रखना है।
मुख्य प्रश्न: टियर क्या हैं और वे कैसे काम करते हैं?
टियर (Tiers)
सोचिए एक टावर है जिसमें 10 मंज़िलें हैं, हर मंज़िल का एक अलग लेआउट है, अलग-अलग सुविधाएं हैं, और हर मंज़िल पर कुछ संख्या में कमरे हैं जिनमें आमंत्रित मेहमान रहते हैं।
एक सादृश्य बनाते हुए, टावर vs V-Boost:
टावर = V-Boost
मंजिल = टियर
लेआउट = स्ट्रक्चर
कमरा = स्लॉट या पोजीशन
मेहमान = प्रतिभागी
सुविधाएँ = टियर के फीचर (विशेषताएँ)
टियर यानि V-Boost नामक टावर के अंदर उपस्थित लेवल या फ़्लोर। वास्तविकता में, जैसे ही कोई टावर के ऊपरी मंजिलों पर जाता है, कमरों से सुंदर दृश्य दिखाई देते हैं, कमरों में अधिक धूप, अधिक हवा और सौंदर्यपूर्ण कोने होते हैं। इसी तरह, V-Boost में ऊपरी टियर पर जाने से टर्नओवर (रिवॉर्ड) बढ़ता है और स्ट्रक्चर के साइज़ में कमी आती है (स्लॉट या रूम की संख्या कम हो जाती है), इससे प्रगतिशील लाभ मिलते हैं। आसान शब्दों में – अगर 100 sq. ft. के मंज़िल पर 10 कमरे हैं, तो हर कमरे में 10 sq. ft. जगह होगी; अगर उसी मंज़िल पर सिर्फ़ 2 कमरे हैं, तो हर कमरे में 50 sq. ft. जगह होगी। V-Boost में ऊंचे टियरो पर – स्लॉट की संख्या कम होती जाती है और उपज (रिवॉर्ड) की मात्रा बढ़ जाती है। इसलिए, ऊपरी टियरों में कम प्रतिभागी होते हुए भी टर्नओवर बहुत ज़्यादा होता है।
चूंकि V-Boost एक NFT-संचालित भागीदारी मॉडल है, V-Boost के अंदर टियर को भी एक NFT द्वारा दर्शाया जाता है – जिसे NFT Tier (NFT टियर) कहते है। यह एक इन-गेम NFT है, जो साइकल्स, रिवॉर्ड वितरण, सब्सक्रिप्शन्स और अन्य गतिविधियों में भाग लेने वाली पोज़िशन को दर्शाता है।
स्ट्रक्चर (Structures)
V-Boost में टियर 5 अलग-अलग लेआउट में से किसी एक लेआउट का पालन करते हैं। इन लेआउट को स्ट्रक्चर कहा जाता है। अनुरूप शब्दों में, जैसे एक लेआउट दिखाता है कि फ़्लोर पर कितने कमरे हैं और कहाँ स्थित हैं, वैसे ही एक स्ट्रक्चर (लेआउट) बताता है कि एक टियर (मंज़िल) में कितने स्लॉट या पोज़िशन (कमरे) हैं, वे कैसे स्थित हैं, और उनसे कितना रिवॉर्ड या फ़ायदा होता है।
रिवॉर्ड प्रतिशत: सभी रिवॉर्ड टियर की कीमत के हिसाब से प्रतिशत (%) के रूप में हैं।
ध्यान दें: उपयोग किए गए आंकड़े केवल प्रदर्शन उद्देश्यों के लिए हैं, वास्त कीमतों का उल्लेख वेबसाइट पर ऑफिशियल प्रेजेंटेशन में किया गया है, साथ ही इस आलेख के अगले भागों में भी किया गया है।
उदाहरण के लिए:
टियर की कीमत = 1000 VGF
टियर में 6 स्लॉट हैं
हर स्लॉट यूज़र वॉलेट में 25% रिवॉर्ड देता है
रिवॉर्ड = टियर की कीमत का 25% = 1000 VGF का 25% = 250 VGF
शेष 75% अपलाइन स्ट्रक्चर में योगदान देता है, सिस्टम में कुछ भी नहीं रहता है
नीचे दिए गए स्ट्रक्चर केवल हर स्लॉट से उत्पन्न होने वाले पे-आउट को दर्शाते हैं, इनमें से कुछ रिवॉर्ड सीधा यूजर के वॉलेट में जाते हैं, जबकि कुछ का उपयोग auto-upgrade, auto-reactivation जैसे स्वचालित कार्यों के लिए किया जाता है।
S30 स्ट्रक्चर
S14 स्ट्रक्चर
S6 स्ट्रक्चर
S3 स्ट्रक्चर
स्ट्रक्चर कैसे भरे जाते हैं?
स्लॉट के पोजीशन को इस प्रकार भरा जा सकता है:
यूज़र द्वारा आमंत्रित किए गए व्यक्तिगत पार्टनर
अन्य प्रतिभागियों द्वारा अपग्रेड (जैसे कम्प्रेशन में)
संपूर्ण मैट्रिक्स स्ट्रक्चर और नेटवर्क संचलन, अपलाइन, डाउनलाइन, क्रॉसलाइन द्वारा आमंत्रित पार्टनर
महत्वपूर्ण: रिवॉर्ड वितरण वास्तव में कैसे काम करता है, प्रत्येक स्लॉट का क्या उद्देश्य है, auto-upgrade और auto-reactivation के लिए स्लॉट कैसे आरक्षित रखे गए हैं, रेफरल और मैट्रिक्स स्ट्रक्चर के बारे में पू5री जानकारी, कम्प्रेशन, सब्सक्रिप्शन आदि जैसी चीज़ो के बारे में विस्तृत जानकारी ऑफिशियल प्रेजेंटेशन में दी गई है।
टियर और कीमत (Tiers and Costs)
V-Boost में 10 टियर हैं, प्रत्येक एक विशिष्ट स्ट्रक्चर (S) पर आधारित है, जिसमें अलग-अलग विशेषताएं (फीचर्स) और कीमतें हैं। यह भाग में वेबसाइट पर उपलब्ध ऑफिशियल प्रेजेंटेशन के अनुसार टियर, उनके स्ट्रक्चर और उनकी कीमत के बारे में बताया गया है।
वेबसाइट: https://www.v-boost.top
वेबसाइट पर जाएं → आखिर तक स्क्रॉल करें → 'मीडिया किट' चेक करें।
किसी भी टियर को एक्टिवेट करने के लिए एक टियर NFT की ज़रूरत होती है। टियर खरीदते समय, यूज़र उसके साथ आने वाला सब्सक्रिप्शन भी खरीदता है, क्योंकि टियर NFT में टियर के साथ-साथ सभी शामिल टियर के सब्सक्रिप्शन कॉस्ट भी सम्मिलित होते हैं।
ध्यान दें: टियर खरीदते समय कुल लागत में – टियर की कीमत + सब्सक्रिप्शन की कीमत + गैस फीस शामिल है।
टियर्स 2 पैकेज में बंटे हुए हैं – बेसिक और प्रो।
बेसिक पैकेज में 5 स्ट्रक्चर (S30, S14, S6, S3, S2) हैं जो टियर 1-5 में फैले हुए हैं।
प्रो पैकेज में 5 स्ट्रक्चर (S30, S14, S6, S3, S2) हैं जो टियर 6-10 में फैले हुए हैं।
पैकेज अलग रखने का उद्देश्य यह है कि बड़े लीडरों के साथ-साथ कम वित्तीय क्षमता वाले प्रतिभागीयों को भी यह अनुभव मिल सके कि ज़्यादा रिवॉर्ड वाले स्ट्रक्चर कैसे काम करते है।
VGF क्या है?
VGF (Vistory Game Fiat), जैसा कि नाम से पता चलता है, Vistory इकोसिस्टम की करेंसी है। चूंकि V-Boost इकोसिस्टम का एक प्रोडक्ट है, इसलिए इसकी आंतरिक क्रियाविधियां सभी ट्रांज़ैक्शन के लिए VGF का इस्तेमाल करते हैं। VGF की रचना इस प्रकार की गई है कि वह डॉलर (DAI और USDT जैसे स्टेबलकॉइन) की तरह काम करें, जिसे CES के साथ-साथ Voucher NFT (वाउचर NFT) का इस्तेमाल करके भी पाया जा सकता है।
विस्तृत जानकारी ऑफिशियल प्रेजेंटेशन के माध्यम से प्राप्त की जा सकती है।
टियर विशेषताएँ (FEATURES)
टियर में बहुत सी विशेषताएँ और सेटिंग्स होती हैं। उनमें से कुछ के बारे में नीचे बताया गया है:
अनुक्रमिक सक्रियण: टियर्स में उनका सक्रियण केवल अनुक्रमिक रूप से ही किया जा सकता है।
स्वतंत्र टियर क्रियाविधि: टियर एक दूसरे से स्वतंत्र रूप से काम करते हैं, हर टियर की अपनी auto-upgrade, auto-reactivation, और कम्प्रेशन प्रक्रिया होती है।
टीम निर्माण: हर टियर प्रतिभागी के नीचे एक छोटी टीम बनाता है। एक टियर तब बंद होता है जब टियर स्ट्रक्चर में सभी स्लॉट्स भर जाते हैं, इसे साइकिल पूरा करना कहते हैं।
स्वत: नियुक्ति: भागीदार टियर स्ट्रक्चर में खाली पोजीशन अपने आप ले लेते हैं, पोजीशन का मैन्युअल आवंटन संभव नहीं है।
संगठित प्रगति और NFT मैपिंग: V-Boost में भाग लेने के लिए यूज़र को सिस्टम में एक पोजीशन खरीदने की आवश्यकता होती है। यह पोजीशन NFT के रूप में जारी किया जाता है, जिसे Passport NFT (पासपोर्ट NFT) कहा जाता है। यह V-Boost और टियर के प्रगति का संचय करती है, और जिस वॉलेट में यह NFT उपस्थित होती है, केवल उस वॉलेट का मालिक ही इसे खरीद, बेच, अपग्रेड, या प्रबंधित कर सकता है। रिवॉर्ड भी उस यूज़र के वॉलेट एड्रेस पर भेजे जाते हैं जिसके पास यह Passport NFT है।
टिप: Passport NFT आपकी संपूर्ण प्रगति का संचय करती है, जिसमें आपकी पहचान, टियर, रेफरल स्ट्रक्चर, रिवॉर्ड संचयीकरण की जानकारी, टियर और अकाउंट सेटिंग, और सभी संबंधित गतिविधियाँ शामिल हैं। यह एक डिजिटल पोजीशन है जो V-Boost में आपकी जगह दर्शाती है।साइकल प्रगति: एक साइकल तब संपूर्ण होता है जब किसी टियर के सभी खाली स्थान लोगों से भर जाते हैं और टियर बंद हो जाता है। टियर का पहला साइकल मुख्यतः टियर को निर्बाध प्रगति के लिए तैयार करने पर केंद्रित है — auto-upgrade, auto-reactivation और सब्सक्रिप्शन के लिए VGF का उपयोग करके (इन सभी को अपनी इच्छा अनुसार चालू या बंद किया जा सकता है); जबकि दूसरे साइकल से, टियर मुख्यतः निरंतर रिवॉर्ड के प्रवाह पर ध्यान केंद्रित करता है।
गेमिंग लेयर: टियर दोहरे तरीके से काम करता है। रिवॉर्ड वितरण मॉडल के साथ-साथ, यह एक गेमिंग लेयर से भी जुड़ा होता है जो BGB जमा करता है। इसे सक्षम करने के लिए 'सब्सक्रिप्शन' नामक फीचर किया जाता है। V-Boost की प्रगति गेमिंग लेयर को बढ़ावा देती है, V-Boost टियर में जिसकी जितनी ज़्यादा प्रगति होती है, उन्हें उतने ही ज़्यादा गेमिंग फायदे प्राप्त हो सकते हैं।
सब्सक्रिप्शन: यह हर टियर से जुड़ी एक अतिरिक्त गेम-संबंधित लेयर (BGB लेयर) है जो BGB – Bit Game Boost (Vistory इकोसिस्टम का भविष्यवादी इन-गेम ऊर्जा ईंधन) जमा करती है। पहले सब्सक्रिप्शन का खर्च टियर सक्रियण से जुड़ा होता है, उसके बाद के सब्सक्रिप्शन के खर्च पिछले सक्रियण से हर 30 दिन में अपने आप नवीनीकृत हो जाते हैं।
Auto-reactivation: सीधे शब्दों में कहें तो – यह एक टियर का पुनः आरंभ (रीस्टार्ट) हुआ। जब कोई टियर एक साइकल पूरा कर लेता है (यानी टियर के सभी स्थान भर जाते हैं), तो टियर का काम वहीं खत्म नहीं होता। यह नए खली स्थानों और रिवॉर्ड साइकल के साथ फिर से शुरू हो जाता है, जबकि पिछला पूर्तित साइकल परिप्रेक्ष्य में चला जाता है। टियर का रीएक्टिवेशन उसी के स्ट्रक्चर के कुछ स्थानों से लिए गए VGF का उपयोग करके होता है, रीएक्टिवेशन की कीमत टियर कीमत से सामान होती हो। उदाहरण के लिए, अगर टियर की कीमत 10 VGF है, तो आरक्षित स्थानो से लॉक किये गए और auto-reactivation के लिए इस्तेमाल किये गए VGF की मात्रा भी 10 VGF होगी।
Auto-upgrade: यह प्रक्रिया मौजूदा टियर से मिले रिवॉर्ड के कुछ भाग का उपयोग करके अगले टियर को स्वचालित रूप से अपग्रेड करती है। टियर के पहले साइकल में ऐसे स्थान होते हैं जहाँ से रिवॉर्ड आरक्षित किये जाते है और उनका उपयोग अगले टियर को स्वचालित रूप से सक्रिय करने के लिए होता हैं, न कि मैन्युअल रूप से। auto-upgrade के लिए स्थान इस प्रकार आरक्षित किये गए हैं कि उनसे कुल जमा VGF अगले लेवल की कीमत के बराबर हो।
कम्प्रेशन: यह एक ऐसी प्रक्रिया है जिसमे यूज़र अपने अपलाइन से आगे निकल जाता है (ओवरटेक) अगर उसके अपलाइन के पास यूज़र जितने या अधिक टियर सक्रिय नहीं होते। उदाहरण के लिए, अगर किसी यूज़र ने 5 टियर अपग्रेड किया है और उसके प्रत्यक्ष अपलाइन के सिर्फ़ 4 टियर सक्रिय है, तो सिस्टम यूज़र को रेफरल स्ट्रक्चर में तब तक ऊपर ले जाता है जब तक उसे कोई ऐसी अपलाइन नहीं मिल जाती जिसके 5 या उससे अधिक टियर सक्रिय हों। यह सुनिश्चित करता है कि सक्रिय यूज़र सक्रिय अपलाइन के साथ जुड़े रहे, अक्रिय टियर की लंबी लाइन को संकुचित करते हुए।
निष्कर्ष (Conclusion)
V-Boost एक नवीन उत्पाद है जिसकी रचना उद्योग की बढ़ती आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए की गई है जहाँ Web3 क्रांति पारंपरिक वॉलेट-सीमित वातावरण से डिजिटल स्वामित्व के नए, नम्य प्रगतिशील साधनो के अनुरूप अनुकूलन की मांग करती है। किसी भी प्रोजेक्ट पर काम शुरू करने से पहले उसे समझना और DYOR (अपना रिसर्च खुद करें) करना ज़रूरी है।
मेरी रेफरल लिंक: https://app.v-boost.top/sso/signin?ref=469






Comments
Post a Comment